Hare Krsna,
Please accept my humble obeisances. All glories to Srila Prabhupada & Srila Gopal Krishna Maharaj.
भगवान ने सर्वप्रथम ब्रह्मा जी को श्रीमद् भागवतम का सार; भगवान से हमारा सम्बन्ध, उस सम्बन्ध में हमारे कार्य तथा जीवन का लक्ष्य, इन 4 श्लोक में (चतु:श्लोकी) प्रदान किया |
भगवान कहते हैं: हे ब्रह्मा! वह मैं ही हूँ जो श्रृष्टि के पूर्व विद्धमान था, जब मेरे अतिरिक्त कुछ भी नहीं था तब इस श्रृष्टि की कारण स्वरूपा भौतिक प्रकृति भी नहीं थी | जिसे तुम अब देख रहे हो वह भी मैं ही हूँ, और प्रलय के बाद

